
सेवा पखवाड़ा बना जनसेवा का महाअभियान, प्रदेशभर में हजारों नागरिकों ने उठाया सरकारी योजनाओं का लाभ
‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ अभियान के तहत दूरस्थ गांवों तक पहुंचा शासन-प्रशासन
शिकायतों का मौके पर निस्तारण, स्वास्थ्य, स्वरोजगार, कृषि, महिला एवं सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का मिला लाभ
मुख्यमंत्री धामी के नेतृत्व में सेवा, सुशासन एवं समर्पण की भावना के साथ अंतिम व्यक्ति तक पहुंच रही सरकारी योजनाएं
सेवा पखवाड़ा के तहत प्रदेशभर में आयोजित जनसेवा शिविरों में हजारों नागरिकों ने उठाया सरकारी योजनाओं का लाभ, शिकायतों का हुआ त्वरित निस्तारण

सीएम पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में राज्य सरकार के पाँच वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में संचालित “सेवा, सुशासन एवं समर्पण” तथा “जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” अभियान के अंतर्गत बुधवार को प्रदेश के विभिन्न जनपदों में बहुउद्देशीय जनसेवा शिविर, थीम आधारित जनजागरूकता कार्यक्रम एवं विकास प्रदर्शनी का व्यापक आयोजन किया गया। इन शिविरों के माध्यम से दूरस्थ एवं ग्रामीण क्षेत्रों तक शासन-प्रशासन की सीधी पहुंच सुनिश्चित करते हुए हजारों नागरिकों को विभिन्न विभागों की जनकल्याणकारी योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ उपलब्ध कराया गया।

अल्मोड़ा, बागेश्वर, टिहरी, उत्तरकाशी, पौड़ी, चमोली, चम्पावत, हरिद्वार, नैनीताल तथा ऊधम सिंह नगर सहित विभिन्न जनपदों में आयोजित शिविरों में बड़ी संख्या में आमजन ने प्रतिभाग किया। विभागीय स्टॉलों के माध्यम से स्वास्थ्य, कृषि, उद्यान, पशुपालन, उद्योग, स्वरोजगार, महिला एवं बाल विकास, समाज कल्याण, ग्राम्य विकास, शिक्षा, राजस्व, विद्युत, पेयजल, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति, आयुष, सेवायोजन, दुग्ध विकास, मत्स्य, सहकारिता सहित विभिन्न विभागों की योजनाओं की जानकारी दी गई तथा पात्र लाभार्थियों को मौके पर ही योजनाओं का लाभ प्रदान किया गया।
शिविरों में स्वास्थ्य परीक्षण, निःशुल्क औषधि वितरण, आधार एवं प्रमाण-पत्र निर्माण, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, महालक्ष्मी किट वितरण, कृषि एवं उद्यान सहायता, पशुपालन एवं डेयरी योजनाएं, रोजगार पंजीकरण, छात्रवृत्ति, किसान योजनाएं तथा अन्य जनकल्याणकारी सेवाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध कराई गईं।

प्रदेशभर में आयोजित शिविरों में प्राप्त जनसमस्याओं एवं शिकायतों का बड़ी संख्या में मौके पर ही निस्तारण किया गया, जबकि शेष मामलों को संबंधित विभागों को समयबद्ध कार्रवाई हेतु प्रेषित किया गया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि प्रत्येक शिकायत का गुणवत्तापूर्ण एवं निर्धारित समय सीमा में समाधान सुनिश्चित किया जाए।
विभिन्न जनपदों में आयोजित कार्यक्रमों के दौरान जनप्रतिनिधियों, आयोगों एवं परिषदों के अध्यक्षों, विधायकों, सांसदों, जिलाधिकारियों, मुख्य विकास अधिकारियों तथा विभागीय अधिकारियों ने शिविरों का निरीक्षण कर लाभार्थियों से संवाद किया और विभागों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए कि कोई भी पात्र व्यक्ति सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे।
शिविरों में उद्योग एवं स्वरोजगार को बढ़ावा देने, कृषि एवं पशुपालन में नवाचार, महिला सशक्तिकरण, सामाजिक सुरक्षा, ग्रामीण विकास, स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार तथा किसानों एवं युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने से संबंधित योजनाओं का विशेष रूप से प्रचार-प्रसार किया गया। कई स्थानों पर उत्कृष्ट कार्य करने वाले लाभार्थियों को सम्मानित भी किया गया तथा लाभार्थियों ने योजनाओं से प्राप्त लाभ के अपने अनुभव साझा किए।

सूचना एवं लोक संपर्क विभाग द्वारा भी विभिन्न जनपदों में राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं से संबंधित प्रचार सामग्री एवं “मेरी योजना” पुस्तिका का वितरण कर नागरिकों को योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराई गई।
प्रदेशभर में आयोजित इन जनसेवा शिविरों के माध्यम से लगभग 5,300 से अधिक नागरिकों ने सहभागिता की तथा 4,470 से अधिक पात्र लाभार्थियों को विभिन्न विभागों की जनकल्याणकारी योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ प्रदान किया गया। शिविरों में 415 शिकायतें एवं आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 179 से अधिक मामलों का मौके पर ही निस्तारण किया गया, जबकि शेष मामलों को समयबद्ध कार्रवाई हेतु संबंधित विभागों को प्रेषित किया गया।
अल्मोड़ा में लगभग 1300, बागेश्वर में 205, उत्तरकाशी में 185, पौड़ी में 128, चमोली के कर्णप्रयाग में 200 से अधिक, कनोल में 150 से अधिक, चम्पावत में 440, हरिद्वार में 1130 प्रतिभागियों (386 लाभार्थियों), नैनीताल में 510 तथा ऊधम सिंह नगर के बाजपुर में 1150 प्रतिभागियों (951 लाभार्थियों) ने विभिन्न योजनाओं का लाभ प्राप्त किया।
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य प्रत्येक नागरिक तक सुशासन और जनसेवा की पहुंच सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि “सेवा, सुशासन एवं समर्पण” केवल एक अभियान नहीं, बल्कि सरकार की कार्यसंस्कृति है। जनसेवा शिविरों के माध्यम से दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले नागरिकों को एक ही स्थान पर विभिन्न विभागों की सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिससे लोगों का समय, श्रम और धन बच रहा है तथा समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित हो रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार समाज के अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक विकास एवं जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है और प्रत्येक पात्र नागरिक तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
